उत्तराखंड के उपभोक्ताओं के लिए राहत
इस साल नहीं बढेगीं बिजली दरें: विद्युत नियामक आयोग
चुनावी टैरिफ या पहली बार ऊर्जा प्रदेश के उपभोक्ताओं पर नहीं थोपी गयी दरों में वृद्धि
यूपीसीएल की एआरआरमें लगभग 17% बढोत्तरी की माँग को खारिज किया
सोलर उपभोक्ताओं के लिए नहीं बनाई सरकार ने कोई प्रोत्साहन नीति : आयोग के अधिकार में नहीं
देहरादून। आज उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने एक पत्रकार वार्ता में अपना टैरिफ आर्डर सुनाया।
उत्तराखंड के बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। प्रदेश में इस बार बिजली दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं की जाएगी। राज्य विद्युत नियामक आयोग द्वारा लिए गए इस निर्णय से घरेलू, व्यावसायिक और औद्योगिक उपभोक्ताओं को सीधा लाभ मिलेगा।
सूत्रों के अनुसार, बढ़ती महंगाई और आम जनता पर आर्थिक बोझ को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है, ताकि उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त भार न पड़े। देश के कई राज्यों में जहां बिजली दरों में संशोधन या बढ़ोतरी देखी जा रही है, वहीं उत्तराखंड में दरें यथावत रखने का निर्णय लोगों के लिए राहत भरा माना जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले से आम जनता के साथ-साथ छोटे व्यापारियों और उद्योगों को भी फायदा होगा। सरकार और विद्युत विभाग द्वारा संतुलित प्रबंधन और राजस्व व्यवस्था के जरिए इस स्थिति को बनाए रखने की कोशिश की जा रही है।
सरकार ने संकेत दिए हैं कि भविष्य में भी उपभोक्ताओं के हितों को प्राथमिकता दी जाएगी और बिजली सेवाओं को बेहतर बनाने के प्रयास जारी रहेंगे।