ऊर्जा भवन मुख्यालय देहरादून में दिनांक 26-07-2025 को वरिष्ठ अभियंताओं की DPC की गई थी लेकिन आज तक शेष 5 अभियंताओं के पदोन्नति आदेश जारी नहीं किए गए हैं तथा साथ ही इं० मदन राम आर्य, मुख्य अभियंता स्तर-1 दिनांक 31-03-2025 को अधिवर्षता आयु 60 वर्ष पूर्ण करके सेवानिवृत्त हो चुके हैं लेकिन अभी तक सेवानिवृत्त मुख्य अभियंता स्तर-1, सेवा विस्तारित एवं प्रभारी निदेशक परिचालन के रूप में पद पर बने हुए हैं जिससे अनेकों वरिष्ठ अभियंताओं की पदोन्नति रूकी हुई है।
प्रबन्धन द्वारा उपरोक्त दोनों प्रकरणों से वरिष्ठ अभियंताओं की कैरियर ग्रोथ रोकने के विरोध में एसोसिएशन द्वारा दिनांक 30-06-2026 को ऊर्जा भवन मुख्यालय देहरादून में गेट मीटिंग/ सांकेतिक सत्याग्रह करते हुए काला दिवस मनाने का निर्णय लिया गया है।

एसोसिएशन की मांगें निम्न हैं।
मांग 1- ऊर्जा भवन मुख्यालय में दिनांक 26-07-2025 को आदरणीय मुख्य सचिव महोदय की अध्यक्षता में हो चुकी DPC के सापेक्ष उत्तराखंड पावर कारपोरेशन लिमिटेड के शेष 5 वरिष्ठ अभियंताओं के पदोन्नति आदेश आज 337 वें दिन तक भी जारी नहीं किए गए हैं जोकि अत्यंत खेदजनक है जिससे सभी अभिनेताओं के मनोबल पर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है व प्रभावितों की कैरियर ग्रोथ रूकी हुई है। अतः सभी 5 अभियंताओं के पदोन्नति आदेश तत्काल जारी किए जाएं।
मांग 2- मुख्य अभियंता स्तर-1 के संवर्गीय पद से इं० मदन राम आर्य, दिनांक 31-03-2025 को सेवानिवृत्ति हो चुके हैं तथा बार बार इं० मदन राम आर्य को सेवा विस्तार दिया जा रहा है जिससे इनके सीधे जूनियर अभियंताओं के प्रोमोशन रूके हुए हैं और यदि यह सेवा विस्तार आगे और चलता रहा तो इं० मदन राम आर्य से जूनियर कुछ अभियंता बिना पदोन्नति पाये इनसे पहले सेवानिवृत्त हो जायेंगे, यदि ऐसा होता है तो इस देव स्थली उत्तराखंड में यह (कु)कर्म पाप तुल्य होगा। अतः इं० मदन राम आर्य का सेवा विस्तार व सेवा विस्तार की प्रथा को, तत्काल समाप्त की जाए।
एसोशिएशन स्वयं भी इं० मदन राम आर्य के सेवा विस्तार के आज 454 वें दिन, इं० मदन राम आर्य से पुनः विनम्र अनुरोध करती है कि वो अब सेवानिवृत्ति लेकर घर-समाज-राज्य-देश की सेवा करें व जूनियर अधिकरियों को पदोन्नति का मौका पाने दें। इं० मदन राम आर्य के दिनांक 31-03-2025 को सेवानिवृत्त होने के 15 महिने बाद सेवानिवृत्ति लेने से कम से कम ये जूनियर अधिकारी अपने जीवन के 60 वें वर्ष में 1 नैतिक पदोन्नति अवश्य पा लेंगे, यह भी इं० मदन राम आर्य की अपने अधीनस्थ अभियंताओं पर अतिरिक्त कृपा होगी।