“अवकाश के दिन भी काम पर यूपीसीएल के प्रबंध निदेशक श्री पी.सी. ध्यानी,
विद्युत वितरण मण्डल रूड़की के साथ-साथ ए०डी०बी० परियोजना कार्यों की हुई व्यापक समीक्षा”
उत्तराखण्ड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) के प्रबंध निदेशक श्री पी.सी. ध्यानी का अवकाश के दिनों में दिनांक 08 अगस्त, 2026 (शनिवार) को विद्युत वितरण मण्डल रूड़की की उपखण्ड स्तर तक की व्यापक समीक्षा के साथ-साथ ए०डी०बी० परियोजना के अन्र्तगत देहरादून में विद्युत लाईनों के भूमिगतिकरण के कार्यों की प्रगति समीक्षा कीए जो कि विद्युत व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा उपभोक्ताओं को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने की उनकी कार्यनिष्ठा एवं प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
विद्युत वितरण मण्डल, रूड़की की विद्युत वितरण व्यवस्था, राजस्व संग्रहण की स्थिति, उपभोक्ता शिकायतों के निस्तारण तथा विभिन्न परिचालन संबंधी विषयों की विस्तार से समीक्षा की। समीक्षा बैठक में मुख्य अभियन्ता हरिद्वार श्री शेखर त्रिपाठी, अधीक्षण अभियन्ता हरिद्वार श्री विवेक राजपूत सहित अधिशासी अभियन्ताओं द्वारा व्यक्तिरूप से तथा उपखण्ड अधिकारियों एवं अवर अभियन्ताओं द्वारा ऑनलाईन माध्यम से प्रमिभाग किया गया।
श्री ध्यानी द्वारा सर्वप्रथम खण्ड / उपखण्डववार राजस्व प्राप्ति की समीक्षा ली एवं विद्युत वितरण मण्डल, रूड़की के अन्तर्गत माह जुलाई तक के लक्ष्यों के सापेक्ष 55 प्रतिशत की प्रगति पर घोर अप्रसन्नता व्यक्त की। श्री ध्यानी द्वारा डिफाल्टर उपभोक्ताओं के संयोजन विच्छेदन कार्य में तेजी लाने के साथ-साथ विद्युत चोरी पर प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित किये जाने हेतु निर्देशित किया। उन्होंने पुनः इंगित किया कि इस वर्ष कारपोरेशन की बिलिंग दक्षता प्रत्येक दशा में 90 प्रतिशत से अधिक रखे जाने के संकल्प के अनुरूप क्षेत्रिय अभियन्ता एवं कर्मचारी अपने पूरे मनोयोग से कार्यों को सम्पादित करें तथा वर्तमान वित्तीय वर्ष में कारपोरेशन लाभ अर्जित करने वाला निगम बने इस संकल्पना के साथ आगे बढ़ें।

बेहतर उपभोक्ता की सर्वोच्य प्राथमिकता के क्रम लम्बित नये संयोजनों एवं उसके सापेक्ष विलम्ब पेनल्टी की स्थिति पर श्री ध्यानी द्वारा घोर अप्रसन्नता व्यक्त की गई। उनके द्वारा निदेशित किया गया कि प्रत्येक दशा में नये संयोजन स्मार्ट मीटर के माध्यम से तय समयावधि के अन्दर निर्गत किये जायें। उनके द्वारा निदेशक, वितरण एवं परियोजना को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया कि नये संयोजन निर्गतन में विलम्ब की स्थिति में जिम्मेदारी तय करते हुये पेनल्टी की धनराशि समबन्धित अथवा ए.एम.आई.एस.पी. से वसूल किया जाना सुनिश्चित किया जाये।
उनके द्वारा उपभोक्ता शिकायतों का त्वरित निस्तारण तथा सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा के अन्तर्गत गुणवत्ता मानकों एवं सुरक्षा नियमों का पूर्ण पालना के साथ करते हुए संपादित कराये जाने पर बल दिया गया। अवकाश के दिनों में भी लगातार समीक्षा बैठकें यह दर्शाती हैं कि प्रबंध निदेशक श्री पी सी. ध्यानी यूपीसीएल के समग्र विकास, कर्मचारियों के बेहतर समन्वय तथा प्रदेश के विद्युत उपभोक्ताओं को उत्कृष्ट सेवाएं प्रदान करने के लिए पूर्ण समर्पण एवं प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहे हैं।