
उत्तराखंड देहारादून। उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीसीएल) के प्रबंध निदेशक के पद पर शासन के आदेश के बाद पी.सी. ध्यानी ने गत दिवस निगम मुख्यालय में विधिवत कार्यभार ग्रहण कर लिया। पदभार संभालते ही उन्होंने स्पष्ट किया कि देवभूमि ऊर्जा है और प्रदेश के बिजली यहाँ के उपभोक्ताओं को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराना, निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना, वितरण व्यवस्था को आधुनिक बनाना तथा स्मार्ट तकनीकों के व्यापक उपयोग को बढ़ावा देना एवं बिजली चोरी को रोक्न उनकी सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल रहेगा।
उनोहने यह भी स्पष्ट किया कि निगम के द्वारा केंद्र सरकार कि बहुआयामी परियोनाओं और कार्यों कि गुणवत्ता में किसी प्रकार का कोई सम्झौता नहीं होगा तथा निगम के अधिकारी यह सुनिश्चित कर लें कि समय बद्धता के साथ साथ गुणवत्तापूर्ण कार्य हों यह उनकी निजी ज़िम्मेदारी होगी।
मुख्य सचिव की अध्यक्षता में 1 जुलाई 2026 को आयोजित चयन प्रक्रिया के बाद शासन ने पी.सी. ध्यानी के नाम को स्वीकृति प्रदान की। आदेश जारी होने के बाद उन्होंने यूपीसीएल की कमान संभाल ली। ऊर्जा क्षेत्र में लंबे प्रशासनिक और तकनीकी अनुभव के कारण उनकी नियुक्ति को निगम के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पी.सी. ध्यानी ने अपने यूपीसीएल एवं पिटकुल के कार्यकाल में निगम को बेहतर परिणाम दिये।
ऊर्जा क्षेत्र का लगभग चार दशक का अनुभव
पी.सी. ध्यानी ऊर्जा क्षेत्र के अनुभवी अधिकारियों में गिने जाते हैं। वे इससे पहले पावर ट्रांसमिशन कॉरपोरेशन ऑफ उत्तराखंड लिमिटेड (पिटकुल) में निदेशक (मानव संसाधन) के पद पर कार्यरत थे। इसके अतिरिक्त वे पिटकुल के प्रभारी प्रबंध निदेशक का दायित्व भी सफलतापूर्वक निभा चुके हैं। उन्होंने वर्ष 1988 में तत्कालीन उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत परिषद (हाइड्रो इलेक्ट्रिक पावर) से अपने सेवाकाल की शुरुआत की थी। इसके बाद उन्होंने विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर कार्य करते हुए ऊर्जा क्षेत्र में व्यापक अनुभव अर्जित किया। वर्ष 2016 से लगभग चार वर्षों तक वे यूपीसीएल में निदेशक (मानव संसाधन) के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। ऐसे में निगम की कार्यप्रणाली और उपभोक्ता संबंधी चुनौतियों से वे भली-भांति परिचित हैं।
उपभोक्ता हित सर्वोपरि, आधुनिक बनेगा यूपीसीएल व भृष्टाचार से मिलेगी मुक्ति
कार्यभार ग्रहण करने के बाद पी.सी. ध्यानी ने उत्तराखंड सरकार और मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे पारदर्शिता, जवाबदेही और परिणाम आधारित कार्यसंस्कृति को प्राथमिकता देंगे। उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य यूपीसीएल को एक उपभोक्ता-केंद्रित, आधुनिक, तकनीक आधारित और आर्थिक रूप से मजबूत विद्युत वितरण कंपनी के रूप में विकसित करना है। उन्होंने कहा कि बिजली उपभोक्ताओं की शिकायतों का त्वरित समाधान, सेवाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए सभी स्तरों पर कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा। उनोहने यह भी स्पष्ट किया की भृष्टाचार और और घोटालों से अपने को दूर रखे अधिकारी व कर्मचारी।
स्मार्ट तकनीक और डिजिटल सेवाओं का होगा विस्तार एवं बिजली खरीद पॉलिसी में भी होगा सुधार !
नवनियुक्त प्रबंध निदेशक ने कहा कि प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण, विश्वसनीय और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए वितरण नेटवर्क को मजबूत किया जाएगा तथा विद्युत खरीद में योग्य अधिकारियों को दायित्व सोंपा जाएगा ताकि उनके अनुभव से सस्ती बिजली खरीदी जाए और उपभिकताओं को सस्ती दरों पर बिजली उपलब्ध कराई जा सके इसके साथ ही स्मार्ट मीटरिंग, डिजिटल बिलिंग, ऑनलाइन उपभोक्ता सेवाओं तथा आधुनिक सूचना प्रौद्योगिकी आधारित प्रणालियों का विस्तार किया जाएगा, ताकि उपभोक्ताओं को तेज, पारदर्शी और सुविधाजनक सेवाएं मिल सकें। उन्होंने कहा कि बदलती तकनीक के अनुरूप यूपीसीएल को भी आधुनिक बनाना समय की आवश्यकता है और इस दिशा में प्रभावी कदम उठाए जाएंगे साथ ही बड़े बकयेदारों पर शिकंजा कसा जाएगा।
बिजली चोरी और राजस्व पर रहेगा विशेष फोकस
पी.सी. ध्यानी ने सभी क्षेत्रीय एवं वितरण अधिकारियों को बिजली चोरी पर प्रभावी नियंत्रण, बिलिंग प्रणाली को अधिक सटीक एवं दक्ष बनाने, राजस्व वसूली बढ़ाने तथा परिचालन दक्षता में सुधार के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि बिजली वितरण व्यवस्था में तकनीक आधारित निगरानी, बेहतर प्रबंधन और जवाबदेही के माध्यम से निगम की कार्यक्षमता को और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा। साथ ही उपभोक्ताओं को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को टीम भावना के साथ कार्य करना होगा एवं भ्रष्टाचार से दूर रहकर निगम के हित में अनुशासनबद्ध रह कर करी करें।
नई जिम्मेदारी से बढ़ी नई उम्मीदें
ऊर्जा क्षेत्र में लंबे अनुभव और यूपीसीएल व पिटकुल के पूर्व प्रशासनिक कार्यकाल को देखते हुए पी.सी. ध्यानी की नियुक्ति से निगम में नई कार्यशैली और सुधारों की उम्मीद जताई जा रही है। माना जा रहा है कि उनकी अगुवाई में निगम उपभोक्ता सेवाओं, डिजिटल बदलाव, वित्तीय सुदृढ़ीकरण और बिजली वितरण प्रणाली के आधुनिकीकरण की दिशा में नई गति प्राप्त कर सकता है।